वॉयस ऑफ ए टू जेड न्यूज-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को इसकी तैयारियों की समीक्षा करते हुए विश्व पर्यावरण दिवस पर ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पांच करोड़ पौधे लगाने, जनसंवाद, चौपाल, रात्रि प्रवास और जनकल्याण शिविरों के जरिए सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने पर आयोजित कार्यक्रमों की तैयारियों की समीक्षा में कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस से अंतरराष्ट्रीय योग दिवस तक चलने वाले कार्यक्रम केवल औपचारिक आयोजन न होकर जनजागरण और जनसहभागिता का अभियान बनें।
पौधों की उपलब्धता, जियो टैगिंग और संरक्षण की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। ग्राम पंचायतों और नगरीय निकायों को सिंगल यूज प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए जनभागीदारी बढ़ाई जाए।
उन्होंने कहा कि पांच से 21 जून के बीच प्रभारी मंत्री और जनप्रतिनिधि समाज के प्रबुद्ध वर्ग, शिक्षाविदों, चिकित्सकों, उद्योगपतियों, अधिवक्ताओं, युवा उद्यमियों और स्टार्टअप इनोवेटर से संवाद स्थापित करें।
इस दौरान विकसित भारत और विकसित उत्तर प्रदेश के संकल्प के साथ सुशासन, निवेश, रोजगार और आधारभूत संरचना विकास की उपलब्धियों पर चर्चा की जाए। मुख्यमंत्री ने 14 से 16 जून तक विकास खंड स्तर पर जनकल्याण शिविर और स्वास्थ्य मेले आयोजित कर पात्र लेकिन वंचित लोगों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने के निर्देश दिए।
प्रत्येक जिले में स्थानीय उपलब्धियों और विकास कार्यों पर आधारित प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी। ग्रामीण क्षेत्रों में रात्रि चौपाल और अधिकारियों के रात्रि प्रवास के माध्यम से जनसमस्याओं के त्वरित समाधान पर भी जोर दिया गया।
