वॉयस ऑफ ए टू जेड न्यूज-
लखनऊ- उत्तर प्रदेश ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में स्वच्छ और सस्ती ऊर्जा की दिशा में एक ऐतिहासिक मुकाम हासिल किया है। ‘प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना’ (PMSGY) के तहत प्रदेश में अब तक 6.2 लाख से अधिक घरों को सौर ऊर्जा से रोशन किया जा चुका है। जून 2026 में हुई प्रगति समीक्षा बैठक के आंकड़ों के अनुसार, यूपी ने अपने 11.27 लाख परिवारों के लक्ष्य का 50 प्रतिशत से अधिक हिस्सा पूरा कर लिया है। इस शानदार प्रदर्शन के साथ, देश के कुल सोलर रूफटॉप इंस्टॉलेशन में 17 प्रतिशत की हिस्सेदारी दर्ज कर उत्तर प्रदेश ने खुद को देश के अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित कर लिया है।
हर दिन 2100 घरों पर लग रहे पैनल-
योजना को जमीन पर उतारने की रफ्तार में यूपी ने अभूतपूर्व तेजी दिखाई है। यूपी नेडा (UPNEDA) के डायरेक्टर रविन्दर सिंह ने बताया कि प्रदेश ने मार्च, अप्रैल और मई 2026 में लगातार तीन महीनों तक 50 हजार से अधिक घरों में सोलर प्लांट लगाकर नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया है। आंकड़ों की बात करें तो जून 2025 में जहां हर दिन लगभग 500 प्लांट लग रहे थे, वहीं मई 2026 तक यह आंकड़ा उछलकर 2100 प्रतिदिन पहुंच गया है। हाल ही में यूपी ने मात्र 22 दिनों में 50 हजार इंस्टॉलेशन पूरे किए हैं, जो देश में सबसे तेज स्थापना दर है।
लोन और वेंडर्स की प्रक्रिया होगी और आसान-
समीक्षा बैठक में अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि प्रत्येक आवेदन को हर हाल में इंस्टॉलेशन में बदला जाए। इसके लिए बैंकों के स्तर पर ऋण आवेदनों के समयबद्ध अप्रूवल और तुरंत भुगतान (Disbursal) पर जोर दिया जा रहा है। यूपी नेडा डायरेक्टर ने निर्देश दिए कि निष्क्रिय वेंडर्स को हटाया जाए या सक्रिय किया जाए और जरूरत के अनुसार नए वेंडर्स जोड़े जाएं। सरकार का फोकस इस बात पर भी है कि सोलर पैनल लगने के बाद उपभोक्ताओं के बिजली बिल में होने वाली बचत का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इस योजना से जुड़ सकें।
रोजगार और अर्थव्यवस्था में ‘ग्रीन बूम’-
‘पीएम सूर्य घर योजना’ केवल बिजली बचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह यूपी की अर्थव्यवस्था के लिए भी एक गेमचेंजर साबित हो रही है। इस योजना के जरिए प्रदेश में 2000 मेगावाट से अधिक की स्वच्छ ऊर्जा क्षमता जोड़ी जा चुकी है। रूफटॉप सोलर उद्योग में प्रतिदिन 40 से 50 करोड़ रुपये का भारी-भरकम कारोबार हो रहा है। सबसे अहम बात यह है कि इस पूरी प्रक्रिया में अब तक 80 हजार से अधिक लोगों को रोजगार के नए अवसर मिले हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि जनभागीदारी और सरकार के स्पष्ट विजन के कारण यूपी अब स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में देश का ग्रोथ इंजन बन गया है।
