वॉयस ऑफ ए टू जेड न्यूज–
लखनऊ – आंगन कैफे के संचालक शिवा शर्मा की हत्या में आरोपित लिव इन पाटर्नर श्रद्धा दुबे के सपने बहुत बड़े थे। अतीत और उसके संपर्कों को लेकर कई अहम जानकारियां सामने आ रही हैं।
रायबरेली में पति प्रिंस दुबे के साथ रहने वाली श्रद्धा दुबे करीब दस वर्ष पहले उसे छोड़कर लखनऊ आ गई थी। उसका एक बेटा भी है। बताया जा रहा है कि बड़े स्तर पर पैसा कमाने और करोड़पति बनने की चाह में उसने लखनऊ में माडलिंग शुरू की। इसके बाद हाईप्रोफाइल लोगों के बीच अपनी पहचान बनाई और पार्टियों में शामिल होने लगी। अब शिवा की हत्या के मामले में पुलिस उसके पुराने संपर्कों, आर्थिक लेनदेन और विवादों की भी पड़ताल कर रही है।
सूत्रों के मुताबिक, रायबरेली में रहने के दौरान श्रद्धा का पति से विवाद होता था। वह लखनऊ आना चाहती थी, जबकि पति रायबरेली में ही रहने के पक्ष में था। इसके बाद वह धीरे-धीरे लखनऊ आ गई। शुरुआत में बहन के साथ रहने के बाद उसने बालू अड्डा चौराहे के पास फ्लैट किराये पर ले लिया।

यहां रहने के दौरान उसकी पहचान बड़े लोगों से बढ़ने लगी और वह हाईप्रोफाइल पार्टियों में आने-जाने लगी। सूत्रों का दावा है कि श्रद्धा लोगों से नजदीकी बढ़ाकर उनसे रुपये लेती थी। कुछ लोगों के वीडियो बनाने और उनके जरिए दबाव बनाने की बात भी सामने आई है। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है।
बताया गया कि फ्लैट के पास रहने वाले एक व्यक्ति को भी उसने कथित तौर पर प्रेमजाल में फंसाकर रुपये झटके थे। बाद में वह किसी तरह उसके संपर्क से बाहर निकल सका। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, श्रद्धा के संपर्क में एक ऐसा व्यक्ति भी था, जिसे सुरक्षा मिली हुई थी।
बताया जा रहा है कि श्रद्धा शहर से बाहर या किसी बड़े आयोजन में जाती थी तो संबंधित सुरक्षा कर्मी उसके साथ रहता था। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि सुरक्षा कर्मी किसे आवंटित था और वह श्रद्धा के साथ क्यों जाता था।
शिवा उठा रहा था खर्च, उधार लेकर वाराणसी घुमाया-
श्रद्धा दुबे कुछ समय पहले वाराणसी गई थी। उस दौरान शिवा ने उसे घुमाने के लिए एक व्यक्ति से ढाई लाख रुपये उधार लिए थे। दावा है कि शिवा पिछले कुछ समय से उधार लेकर श्रद्धा के खर्च भी पूरे कर रहा था। रुपये को लेकर विरोध करने पर उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी मिलने की बात भी कही जा रही है। शिवा के परिवार को इस संबंध की जानकारी हुई तो उन्होंने शादी करने के लिए कहा, लेकिन श्रद्धा इसके लिए तैयार नहीं थी।