वॉयस ऑफ ए टू जेड न्यूज:-
लखनऊ- उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने अपने मौजूदा कार्यकाल का अंतिम और ऐतिहासिक 10वां बजट विधानसभा में पेश किया। सूबे की राजनीति में आज का दिन ऐतिहासिक रहा है, वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में योगी सरकार का 10वां और अब तक का सबसे बड़ा (9 लाख करोड़ रुपये) बजट पेश किया। बजट में महिलाओं और उनके रोजगार पर सबसे अधिक ध्यान केंद्रित किया गया है।
उत्तर प्रदेश विधानसभा में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने 9 लाख 12 हजार 696 करोड़ रुपये का बजट पेश करते हुए अपने भाषण में प्रमुख घोषणा की कि प्रदेश में महिलाओं के लिए विशेष स्किल डेवलपमेंट केंद्र खोले जाएंगे। साथ ही, महिलाओं के लिए डेडिकेटेड समर्पित जॉब प्लेसमेंट केंद्र खोले जाएंगे। यह केंद्र न केवल महिलाओं को बाजार की मांग के अनुसार तकनीकी प्रशिक्षण देंगे, बल्कि उन्हें सम्मानजनक रोजगार दिलाने में पुल का काम करेंगे।

107 करोड़ रुपये का लाभ अर्जित किया गया
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बजट पेश करते हुए कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए यूपी सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।वित्तीय वर्ष 2025-2026 में 58,000 ग्राम पंचायतों में 39,880 बीसी सखी द्वारा 39,000 करोड़ रुपये से अधिक का वित्तीय लेन-देन करते हुये लगभग 107 करोड़ रुपये का लाभ अर्जित किया गया।
● महिला सामर्थ्य योजना के अन्तर्गत प्रदेश में 5 मिल्क प्रोडयूसर कम्पनियों का गठन होना था, जिसके सापेक्ष जनपद गोरखपुर, बरेली एवं रायबरेली में कम्पनियों का गठन करने दुग्ध संग्रहण एवं विपणन का कार्य प्रारम्भ हो गया है। जनपद प्रयागराज एवं लखनऊ में कम्पनियों का गठन प्रस्तावित है।
● महिला गन्ना किसानों को पर्ची निर्गमन में प्राथमिकता दी जा रही है जिसका लाभ प्रदेश की लगभग 60,000 महिला गन्ना किसानों को मिल रहा है।
● सेफ सिटी परियोजना के अन्तर्गत महिला पुलिस बीट, व्यापक सी.सी.टी.वी. नेटवर्क और एंटी रोमियो स्क्वाड की तैनाती से सार्वजनिक स्थलों और कार्य स्थलों पर सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।
● सेफ सिटी की अवधारणा को मूर्तरूप देने व कामकाजी महिलाओं की सुरक्षा व नये शहरों में एक उचित निवास स्थान उपलब्ध कराए जाने के उद्देश्य से प्रदेश के नगर निगमों में वर्किंग वूमेन हॉस्टल का निर्माण किया जा रहा है।
● मिशन शक्ति के अन्तर्गत सुरक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार सेवाओं के एकीकरण से महिलाओं की आत्मनिर्भरता और सामाजिक सहभागिता को नई गति मिलती है।
● मुख्यमंत्री सुमंगला योजना के अन्तर्गत जनवरी, 2026 तक 26.81 लाख बालिकाएं लाभान्वित हुई हैं।